ओ मेरे कृष्णा ओ मेरे रामा


जब मैंने मन से पुकारा 

तुम आए बनके सहारा

ओ मेरे कृष्णा ओ मेरे रामा

हर संकट से तुमने ही हमको उबारो

तुम से ही बात सारी मन की

तुम ही तो एक संग साथ हमारा

तुम बिन और कौन सहारा

तुम बिन कासै कहूँ

तुम बिन कौन जाने

दुख दर्द हमारा

तुमसे ही तो खुशी है

तुम ही रोशनी मेरे घर की

बात सारी बस तुमसे ही तो इस दिल की

मेरे सारे  काम 

सब तुमरहो है नाम 

मेरी छूप मेरी छाँव 

मेरी भीगी पलकें

जो मेरी गागर भूले छलके

मुझे दिखाए पथ वो राही

साथ रहता मेरे  

तुम ही ढलते रंग रोशनी में

दीप की ज्योति और मेरी प्रार्थना भी तुम 

तुमसे ही ये प्राण   

तुम आँसू मेरे तुम मेरी मुस्कान 

जब मैंने मन से पुकारा 

तुम आए बनके सहारा

ओ मेरे कृष्णा ओ मेरे रामा 



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